मन के जीते जीत है मन के हारे हार | CHHAAVA MOVI LAST POEM | SAMBHAJI MAHARAJ | EMOTIONAL POEM CHHAVA
Автор: MG HAIBATPURIYA
Загружено: 2025-04-17
Просмотров: 4828
Описание:
THE Mg Haibatpuriya presents..
Chhaava movi emotional poem...for watching our latest videos subscribe our channel.
मन के जीते जीत है मन के हारे हार | CHHAAVA MOVI LAST POEM | SAMBHAJI MAHARAJ | EMOTIONAL POEM CHHAVA
#chhaava2025 #motivation #chhava #sambhajimaharaj #ytshorts
THE LAST SENCE OF THE CHHAVA MOVI .....
EMOTIONAL POEM OF CHHAVA MOVI..........
मन के जीते जीत है मन के हारे हार
हार गये जो बिन लड़े उन पर है धिक्कार ।।
उन पर है धिक्कार जो देखें ना सपना ।
सपनों का अधिकार असल अधिकार है अपना ।
अपनों की खातिर करना कुछ आज हमे अजर अमर करना है स्वराज हमे ।
तू माटी का लाल है कोई कंकड़ या धूल नहीं, तू समय बदल कर रख देगा इतिहास लिखेगा भूल नहीं ।
तू घोर का पहला तारा है परिवर्तन का एक नारा है ।
ये अंधकार कुछ पल का है फिर सब कुछ तुम्हारा है ।।
::::::::::::::::::::::::;:::::::::::::::::
जन मानस के भूप रहोगे
चरण चमकती धूप रहोगे ।।
प्रसन रहे माता जगदंबा
ओह क्षत्रपति , ओह सच्चा रे सांभा ।
हम नमक है महाराज ।।।THE LAST SENCE OF THE CHHAVA MOVI .....
EMOTIONAL POEM OF CHHAVA MOVI..........
मन के जीते जीत है मन के हारे हार
हार गये जो बिन लड़े उन पर है धिक्कार ।।
उन पर है धिक्कार जो देखें ना सपना ।
सपनों का अधिकार असल अधिकार है अपना ।
अपनों की खातिर करना कुछ आज हमे अजर अमर करना है स्वराज हमे ।
तू माटी का लाल है कोई कंकड़ या धूल नहीं, तू समय बदल कर रख देगा इतिहास लिखेगा भूल नहीं ।
तू घोर का पहला तारा है परिवर्तन का एक नारा है ।
ये अंधकार कुछ पल का है फिर सब कुछ तुम्हारा है |
::::::::::::::::::::::::;:::::::::::::::::
THANKS FOR WATCHING
Повторяем попытку...
Доступные форматы для скачивания:
Скачать видео
-
Информация по загрузке: